By sadafal_dev
Sadafal dev ji maharaj ke anmol vachan
अगर हम श्रद्धापूर्वक पूर्ण आस्था के साथ आध्यात्मिक सद्ग्रन्थ का स्वाध्याय करते हैं, अनुशीलन करते हैं, तो हमें इसका लाभ प्राप्त होता है | सद्ग्रन्थों के स्वाध्याय से तत्त्वज्ञान की प्राप्ति होती है तथा यथार्थ सम्बोध से पुन: योगाभ्यास होता है |
-संत प्रवर विज्ञान देव जी महाराज